हुमायूं कबीर की आम जनता उन्नयन पार्टी के साथ AIMIM ने अपने सारे संबंध तोड़ लिए हैं। अब पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मैदान में AIMIM अकेले ही उतरने वाली है। शुक्रवार को इस बात की जानकारी AIMIM पार्टी की ओर से दी गयी।
असदउद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi)की पार्टी AIMIM ने हुमायूं कबीर की आम जनता उन्नयन पार्टी के साथ गठबंधन कर पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में लड़ने का फैसला लिया था। मुर्शिदाबाद के नवदा में सभा को संबोधित करने आए असदउद्दीन ओवैसी ने डुबतला मैदान में सभा को संबोधित करते हुए हुमायूं कबीर और उनकी आम जनता उन्नयन पार्टी के प्रत्याशियों को जीताने का आह्वान भी किया था। अब AIMIM ने ही हुमायूं कबीर के साथ अपना गठबंधन तोड़ने की घोषणा कर दी है।
Humayun Kabir’s revelations have shown how vulnerable Bengal’s Muslims are. That AIMIM cannot associate with any statements where integrity of Muslims is brought into question. As of today, AIMIM has withdrawn its alliance with Kabir’s party. Bengal’s Muslims are one of the…
— AIMIM (@aimim_national) April 10, 2026
गुरुवार को एक वीडियो सामने आया। तृणमूल कांग्रेस की ओर से यह वीडियो जारी किया गया था जिसमें देखा गया कि मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद निर्माण को केंद्र में रखकर हुमायूं कबीर भाजपा के साथ 1000 करोड़ रुपए का डील करना चाहते हैं। उस डील के तहत अगर राज्य में भाजपा की सरकार बनती है तो हुमायूं कबीर उपमुख्यमंत्री का पद पाने के लिए मोलभाव कर रहे हैं। इसके साथ ही बाबरी मस्जिद बनाने के नाम पर मुस्लिम भावनाओं के बारे में भी वह बात करते दिखे।
बताया जाता है कि इस वीडियो के सामने आने के बाद ही असदउद्दीन ओवैसी की पार्टी की ओर से यह फैसला लिया गया। इस फैसले के बारे में अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेज पर एक पोस्ट कर भी AIMIM ने घोषणा कर दी है।