नरभक्षी शैतान से लेकर नरभक्षी पौधे...किस्से कहानियों में ऐसे कई उदाहरण मिलते हैं जिसमें इंसानों का मांस खाने के बारे में चर्चा की जाती है। 1972 में एंडिज पर्वतमाला में विमान दुर्घटना में जिंदा बचे यात्रियों को भी जिंदा रहने के लिए मर चुके यात्रियों का मांस खाना पड़ा था। इसके अलावा इंडोनेशिया के पापुआ इलाके के कोरावाई जनजाति के भी 'नरभक्षी' होने की बात कही जाती है।
लेकिन इनमें से कई बाते तो सुनी-सुनाई होती है जिसमें सच्चाई कितनी है इसके बारे में कोई कुछ नहीं बता सकता। अब पश्चिम बंगाल के दिनहाटा में ऐसे ही एक 'नरभक्षी' का पता चला है।
क्या है मामला?
दिनहाटा के साहेबगंज थाना क्षेत्र में एक अज्ञात व्यक्ति की हत्या का मामला सामने आया। हत्या की वजह के तौर पर जो बात सामने आ रही है उसे जानकर पुलिस भी सकते में आ गयी है। बताया जाता है कि उक्त व्यक्ति की हत्या करने के बाद पहले पानी से शव को धोया गया ताकि उसका मांस खाया जा सकें।
लेकिन जब सफलता हाथ नहीं लगी तो शव को खाली मैदान में फेंक दिया गया। इलाके में जंगल की आग की तरह घटना की जानकारी फैल गयी। पुलिस का दावा है कि यह एक 'विरलतम श्रेणी का अपराध' है।
गत शनिवार की शाम को साहेबगंज थानांतर्गत सीमावर्ती इलाके के कुर्शाहाट से पुलिस ने एक अज्ञात शव बरामद किया जिसका गला रेता हुआ था। जांच में पता चला कि उक्त व्यक्ति स्थानीय एक श्मशान घाट पर पिछले 1 साल से भी अधिक समय से रहता था। दावा किया जा रहा था कि वह मानसिक रूप से बीमार था। किसने व क्यों उसकी हत्या की?
इसे लेकर पुलिस सोच-विचार में पड़ गयी थी। सुनसान उस इलाके में कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं होने की वजह से समस्या और भी विकट हो गयी थी।
बाद में सूत्रों को काम में लाकर पुलिस ने फिरदौस आलम (34) नामक एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने अपराध कबूला और जो बताया उससे पुलिस कर्मियों के भी रोंगटे खड़े हो गए।
पुलिस ने क्या बताया?
दिनहाटा के एसडीपीओ धीमन मित्रा ने सोमवार को मीडिया से हुई बातचीत में बताया कि फिरदौर आलम नामक युवक इलाके के सराईथाना गांव में का रहने वाला है। उसने हत्या की बात स्वीकार की है। उसने बताया कि हत्या के बाद वह शव को अपने घर लेकर आया। शव को पानी से धोकर साफ किया। प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ में पता चला कि वह इंसानी मांस खाना चाहता था।
मित्रा का कहना है, "इस घटना में नरभक्षण के लक्षण मिले हैं। यह एक विरल अपराध है। जांच चल रही है। आरोपी को 4 दिनों की पुलिस हिरासत में लिया गया है। वह हर समय नशे की हालत में रहता है। कुछ अस्थिर बातें भी कर रहा है लेकिन उसके मानसिक विक्षिप्त होने का कोई सबूत नहीं मिला है।"
साहेबगंज और पुंडिबाड़ी थाना सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार रविवार की दोपहर को पुंडिबाड़ी थाना इलाके के चकचका में स्थित एक रिहैब सेंटर से उसे गिरफ्तार किया गया है। शनिवार की उस घटना के बाद रात को ही परिजनों ने उसे रिहैब सेंटर में भेज दिया था। हालांकि रिहैब सेंटर में हत्या की बात नहीं बतायी गयी थी।
सिर्फ इतना ही कहा गया था कि उसने घर में झगड़ा किया है। बताया जाता है कि इससे पहले भी इस रिहैब सेंटर में वह कुछ समय तक था। पहले भी उसने स्थानीय एक महिला से मारपीट की थी लेकिन तब पुलिस में कोई शिकायत दर्ज नहीं हुई थी।