नई दिल्ली : भारत के पूर्व प्रतिद्वंद्वी और श्रीलंका के महान बल्लेबाज कुमार संगकारा ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को विश्व क्रिकेट का भविष्य बताते हुए कहा है कि उनमें भारतीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और फ्रेंचाइजी क्रिकेट पर भी लंबे समय तक राज करने की क्षमता है। आयरलैंड के खिलाफ दूसरे टी-20 मुकाबले में संभावित अंतरराष्ट्रीय पदार्पण से पहले संगकारा ने वैभव की प्रतिभा, आत्मविश्वास और मानसिक मजबूती की खुलकर सराहना की।
स्काई स्पोर्ट्स से बातचीत में संगकारा ने बताया कि राजस्थान रॉयल्स की नजर सबसे पहले वर्ष 2023 में वैभव पर पड़ी थी। टीम के विश्लेषक अक्षय ने 12 वर्षीय वैभव के बारे में संदेश भेजकर उन्हें देखने की सलाह दी थी। वैभव के कोच मनीष ओझा ने भी उनके पिता से कहा था कि यह खिलाड़ी कम उम्र में ही बड़े स्तर का क्रिकेट खेलने के लिए तैयार है। शुरुआत में टीम को इस पर विश्वास नहीं हुआ, लेकिन जब वैभव को ट्रायल के लिए बुलाया गया तो सभी प्रभावित रह गए।
संगकारा ने बताया कि उस समय राजस्थान रॉयल्स के मुख्य कोच राहुल द्रविड़ थे। उन्होंने महज पांच-छह मिनट बल्लेबाजी देखने के बाद कहा कि इस खिलाड़ी को हर हाल में टीम में शामिल किया जाना चाहिए। गुवाहाटी के प्रशिक्षण शिविर में वैभव ने तेज गेंदबाज जॉफ्रा आर्चर और संदीप शर्मा की नई गेंद का बेखौफ सामना किया। संगकारा के अनुसार, आर्चर भी 14 वर्षीय बल्लेबाज का आत्मविश्वास देखकर मुस्कुरा उठे थे।
हाल ही में श्रीलंका में आयोजित त्रिकोणीय श्रृंखला में वैभव ने पांच पारियों में 211 रन बनाए। उनका औसत 42.20 और स्ट्राइक रेट लगभग 201 रहा। उन्होंने श्रीलंका ए के खिलाफ सिर्फ 11 गेंदों में अर्धशतक लगाकर लिस्ट-ए क्रिकेट का सबसे तेज अर्धशतक भी अपने नाम किया।
संगकारा ने एक दिलचस्प घटना साझा करते हुए बताया कि लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ मैच से पहले वैभव ने उनसे कहा था कि कोच, चिंता मत कीजिए, मैच हमारा है। इसके बाद उन्होंने ड्रेसिंग रूम में साथियों डोनोवन फरेरा और लुआन-द्रे प्रिटोरियस से कहा कि वह 13 छक्के लगाएंगे। हालांकि उस मुकाबले में उन्होंने 10 छक्के लगाए लेकिन उनका आत्मविश्वास सभी को हैरान कर गया।
भारत पहला टी-20 मुकाबला आयरलैंड से 34 रन से हार चुका है। अब बेलफास्ट में होने वाले दूसरे मुकाबले में यदि वैभव सूर्यवंशी को मौका मिलता है तो वह 15 वर्ष की उम्र में भारत के सबसे युवा अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर बन जाएंगे। संगकारा का मानना है कि राजस्थान रॉयल्स, उनका परिवार और सहयोगी स्टाफ उन्हें जमीन से जुड़े रहने में मदद कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वैभव को क्रिकेट से बेहद प्रेम है और वह शोहरत के दबाव को भी परिपक्वता से संभालने में सक्षम हैं।