नई दिल्लीः हाल ही में बांग्लादेश और पाकिस्तान के बीच खेली गई दो मैचों की सीरीज में काफी तनाव देखने को मिला था। लिटन दास और मोहम्मद रिजवान को लेकर काफी बवाल हुआ था। दोनों विकेटकीपरों के बीच कई बार तीखी बहस हुई। कोई भी यह उम्मीद नहीं कर सकता था कि सीरीज खत्म होने के बाद हालात इतने बिगड़ जाएंगे। सीरीज 2-0 से जीतने के कुछ दिन बाद लिटन ने दावा किया कि रिजवान ने टेस्ट मैचों के बाद हाथ नहीं मिलाया।
लिटन ने पूर्व पाकिस्तानी कप्तान पर “गैर-पेशेवर व्यवहार” का आरोप लगाया। उन्हें बांग्लादेशी खिलाड़ियों का सम्मान करना चाहिए था। लिटन ने कहा कि अगर रिजवान को उनसे कोई दिक्कत थी तो वह उन्हें नजरअंदाज कर सकते थे। पूरी बांग्लादेश टीम का अपमान करना सही नहीं था। लिटन ने प्रोथोम आलो से कहा, “मुझे एक बात बिल्कुल पसंद नहीं आई। मैदान पर जो भी हो, मैच खत्म होने के बाद सभी को एक-दूसरे से हाथ मिलाना चाहिए। पहले टेस्ट में हार के बाद रिजवान हमसे हाथ मिलाने नहीं आए, जो बहुत गलत है। चाहे खिलाड़ी कितना भी बड़ा हो, ऐसा नहीं होना चाहिए, चाहे आप हारें या जीतें।”
उन्होंने आगे कहा, “दूसरे टेस्ट में भी उन्होंने यही किया। हो सकता है उन्हें मुझसे कोई दिक्कत हो, लेकिन पूरी बांग्लादेश टीम ने उनका क्या बिगाड़ा था ? जब अगली बार वे हमारे खिलाफ खेलेंगे तो क्या उन्हें हमसे कोई उम्मीद रखनी चाहिए ? आपने बांग्लादेश टीम का सम्मान नहीं किया।”
दो मैचों की सीरीज के पहले टेस्ट में लिटन और रिजवान के बीच गर्मागर्म बहस हो गई थी। लिटन को लगा कि रिजवान समय बर्बाद कर रहे और उन्होंने इसे लेकर स्लेजिंग कर दी। स्टंप माइक में भी उनको चिढ़ाते हुए सुना गया। लिटन ने कहा, “पूरी पाकिस्तान टीम ने हमसे हाथ मिलाया। सिर्फ रिजवान ने नहीं किया। यह पूरी तरह से गैर-पेशेवर था। दोनों टीमें अपने सम्मान के लिए खेल रही हैं, परिणाम चाहे जो भी हो, हाथ मिलाना चाहिए। रिजवान का यह व्यवहार अलग ही नजर आया।”