त्रिपुरा सरकार राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ा कदम उठा रही है। पर्यटन मंत्री सुशांत चौधरी ने बताया कि जिरानिया क्षेत्र में 35 एकड़ भूमि पर एक हेरिटेज विलेज और ईको-टूरिज्म केंद्र विकसित किया जाएगा। यह परियोजना केंद्र सरकार की पर्यटन योजना स्वदेश दर्शन 2.0 के तहत तैयार की जा रही है।
पर्यटन मंत्री ने कहा कि इस परियोजना का उद्देश्य त्रिपुरा की संस्कृति, परंपरा और प्रकृति को एक साथ जोड़ना है। इसमें संगीत से जुड़ा विशेष अनुभव केंद्र बनाया जाएगा जिससे राज्य की सांस्कृतिक पहचान को देश-दुनिया तक पहुंचाया जा सके। इसके साथ ही सचिंद्रनगर, जिरानिया में एक मनोरंजन पार्क भी स्थापित किया जाएगा जिससे पर्यटकों को आकर्षित किया जा सके।
वहीं मुख्यमंत्री माणिक साहा ने कहा कि राज्य सरकार अगरतला को एक नया और आधुनिक शहर बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि सड़कों का निर्माण और सौंदर्यीकरण किया गया है। नालियों के निर्माण के कारण लोगों को फिलहाल परेशानी हो रही है लेकिन काम पूरा होने के बाद इसका लाभ सभी को मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि शहर में रिंग रोड और मल्टी लेवल कार पार्किंग का निर्माण भी किया जा रहा है। गोरखाबस्ती में राज्य की सबसे ऊंची इमारत बन रही है जिसमें सभी निदेशालयों को एक जगह रखा जाएगा। इससे प्रशासनिक कामकाज और बेहतर होगा।
उन्होंने कहा कि सरकार बुनियादी ढांचे के विकास को विशेष महत्व दे रही है। राज्य के बजट में भी इसके लिए अधिक धनराशि रखी गई है। पिछले वर्ष का बजट 27 हजार करोड़ रुपये था जिसे 2025-26 के लिए बढ़ाकर 32 हजार करोड़ रुपये कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि राज्य के सभी जिलों में नशा मुक्ति केंद्र खोले जा रहे हैं। सरकार लोगों के हित में पूरी निष्ठा से काम कर रही है। उनका कहना है कि जब नया त्रिपुरा बनेगा तभी नए भारत का सपना पूरा होगा।