सिडनी : ऑस्ट्रेलिया के सिडनी शहर में महज 24 घंटे से थोड़े अधिक समय के भीतर शार्क के तीन अलग-अलग हमलों से दहशत फैल गई है। इन घटनाओं में एक युवक और एक बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गए जबकि एक अन्य बच्चा बाल-बाल बच गया। पुलिस ने सोमवार को इसकी पुष्टि की।
पहली घटना सोमवार शाम करीब 6:20 बजे उत्तरी सिडनी के मैनली इलाके के नॉर्थ स्टेन बीच पर हुई। यहाँ 20 साल के आसपास के एक सर्फर के पैर में शार्क ने काट लिया। समुद्र में मौजूद लोगों ने तुरंत उसे पानी से बाहर निकाला और एंबुलेंस से अस्पताल पहुँचाया गया। उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
दूसरी घटना रविवार को सिडनी हार्बर के भीतर वॉकलूज इलाके के पास शार्क बीच के नजदीक हुई। 12 वर्षीय एक लड़का ‘जंप रॉक’ नामक करीब 6 मीटर ऊँची चट्टान से पानी में कूदा था। तभी शार्क ने उस पर हमला कर दिया जिससे उसके दोनों पैरों में गंभीर चोटें आईं। पुलिस के अनुसार, उसके तीन दोस्तों ने बहादुरी दिखाते हुए चट्टान से कूदकर उसे पानी से बाहर निकाला और उसकी जान बचाई। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि हमले में बच्चे के दोनों पैर कट गए।
तीसरी घटना सोमवार दोपहर करीब 12 बजे डी-व्हाई बीच पर हुई। यहाँ 11 साल का एक बच्चा सर्फबोर्ड पर था तभी शार्क ने उसके बोर्ड का एक हिस्सा काट लिया। सौभाग्य से बच्चा सुरक्षित बच गया।
लगातार हमलों के बाद प्रशासन ने नॉर्थ स्टेन और डी-व्हाई समेत सिडनी के उत्तरी समुद्री तटों को अगले आदेश तक बंद कर दिया है। इन सभी समुद्र तटों पर शार्क से बचाव के लिए जाल लगे हैं लेकिन हमले जाल के किस हिस्से में हुए यह स्पष्ट नहीं है।
अधिकारियों को शक है कि पहले दो हमलों के पीछे बुल शार्क हो सकती है। पुलिस ने पहले ही चेतावनी दी थी कि हाल की भारी बारिश से समुद्र का पानी गंदला हो गया है जिससे बुल शार्क का खतरा बढ़ जाता है।
गौरतलब है कि इसी इलाके के पास पिछले साल एक सर्फर की शार्क हमले में मौत हो चुकी है। लगातार घटनाओं ने सिडनी के समुद्री तटों पर सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।