बेरूत : लेबनान में हालिया संघर्ष विराम के बीच एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। दक्षिणी लेबनान में हुए ताजा इजरायली हमलों में पांच लोगों की मौत हो गई है, जिनमें लेबनानी सेना का एक जवान और दो नाबालिग भी शामिल हैं। लेबनान की राष्ट्रीय समाचार एजेंसी (एनएनए) ने शनिवार को इसकी जानकारी दी।
एनएनए के अनुसार इजरायली हवाई हमले में लेबनानी सेना के एक सैनिक की मौत हुई। यह हमला कफररेमाने गोलचक्कर को निशाना बनाकर किया गया था।
रिपोर्ट के मुताबिक सोहमुर के मध्य क्षेत्र में भी हमले हुए, जिसमें कई लोग घायल हुए हैं। इसके अलावा जेजिन इलाके के कतरानी क्षेत्र के शिब्ल में भी हवाई हमला किया गया। बारिश शहर में हुए हमले में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई, जिसमें पिता, मां और उनके दो बच्चे शामिल थे।
लेबनान की राष्ट्रीय समाचार एजेंसी ने यह भी बताया कि बेरूत के उपनगरों के ऊपर एक ड्रोन कम ऊंचाई पर उड़ता देखा गया। इसके अलावा हीमा लबाया इलाके को तीन हवाई हमलों का निशाना बनाया गया।
एनएनए के अनुसार ये ताजा हमले कफररेमाने, हब्बूश, नबातिये अल-फौका, चौकीन, जेबदीन और कफरजौज जैसे इलाकों में पहले हुई इजरायली कार्रवाई के बाद हुए हैं। इसके साथ ही नबातिये शहर में भी कई जोरदार हमले किए गए।
हमलों के बाद नागरिक सुरक्षा दल, इस्लामिक रिसाला स्काउट एसोसिएशन और इस्लामिक हेल्थ सोसाइटी के पैरामेडिक कर्मी राहत और बचाव अभियान में जुटे हुए हैं। अधिकारियों के अनुसार कई लोग अब भी मलबे के नीचे फंसे हो सकते हैं।
इजरायली समाचार पत्र द जेरूसलम पोस्ट के अनुसार इन ताजा हमलों पर इजरायली रक्षा बल (आईडीएफ) की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है।
लेबनान में यह तनाव ऐसे समय बढ़ा है जब ईरान और अमेरिका के बीच हाल ही में हुए समझौता ज्ञापन (एमओयू) के बाद क्षेत्र में शांति की उम्मीद जताई जा रही थी। माना जा रहा है कि लेबनान में फिर से शुरू हुई सैन्य कार्रवाई इस कूटनीतिक प्रक्रिया को और जटिल बना सकती है।
अमेरिका और ईरान के बीच हुए 14 सूत्रीय समझौता ज्ञापन में लेबनान सहित सैन्य अभियानों को तत्काल और स्थायी रूप से रोकने का प्रस्ताव शामिल है। इसके अलावा दोनों देशों ने 60 दिनों के भीतर अंतिम समझौते की दिशा में बातचीत पूरी करने का लक्ष्य रखा है, जिसे आपसी सहमति से आगे बढ़ाया जा सकता है।
इस बीच शुक्रवार को इजरायल के राष्ट्रीय सुरक्षा मंत्री इतामार बेन-ग्विर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक विवादित बयान दिया था। उन्होंने लेबनान में सैन्य कार्रवाई तेज करने की बात कही, जिसके बाद उनकी टिप्पणियों की व्यापक आलोचना हुई।
इतामार बेन-ग्विर ने एक्स पर लिखा था कि "हर इजरायली मां के आंसू के बदले हजारों लेबनानी माताओं को रोना चाहिए। पूरे लेबनान को जलना चाहिए।"
उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका का सम्मान करते हुए भी इजरायल को दुनिया के सामने यह स्पष्ट करना चाहिए कि उसके सैनिकों का खून और नागरिकों की सुरक्षा किसी भी कीमत पर नजरअंदाज नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि इजरायल का सर्वोच्च कर्तव्य अपने नागरिकों और आईडीएफ सैनिकों की रक्षा करना है और यह किसी भी अन्य विचार से ऊपर है।
उन्होंने यह भी कहा कि अब संयम और सीमित जवाब देने का समय खत्म हो गया है। उनके अनुसार मध्य पूर्व में जीत के लिए कड़े कदम उठाने और आतंकवाद को खत्म करने की जरूरत है।