नई दिल्ली : ग्राहकों की सुरक्षा के लिए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने कई कदमों की घोषणा की है। हाल के दिनों में डिजिटल धोखाधड़ी की शिकायतें बढ़ी हैं। बैंक के कई ग्राहक डिजिटली धोखाधड़ी के जाल में फंस रहे हैं। इस स्थिति में ठगे गए ग्राहकों को ध्यान में रखते हुए RBI के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने मुआवजे की व्यवस्था का आश्वासन दिया है।
6 फरवरी शुक्रवार को RBI की मौद्रिक नीति बैठक के बाद RBI ने एक अहम जानकारी दी। बताया गया कि डिजिटल धोखाधड़ी के मामले बढ़ रहे हैं। छोटी रकम की धोखाधड़ी के शिकार ग्राहकों को राहत मिलेगी। ऐसे मामलों में ग्राहक को अधिकतम 25 हजार रुपये तक का मुआवजा मिल सकता है।
बैंकिंग ढांचे को और मजबूत करने के लिए RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने कई योजनाओं की भी घोषणा की है। ग्राहकों की सुरक्षा को और मजबूत करने के साथ-साथ शहरी क्षेत्रों के कोऑपरेटिव बैंकों को सशक्त बनाना, एनबीएफसी के कारोबार को और आसान बनाने जैसी योजनाएं शामिल हैं।
ग्राहकों की सुविधा के लिए RBI क्या सोच रहा है?
1. गलत तरीके से समझाकर किसी उत्पाद या सेवा की बिक्री रोकने के लिए दिशा-निर्देश लाए जाएंगे।
2. ऋण वसूली से जुड़े मामलों और इस काम में रिकवरी एजेंट किस तरह काम करेंगे, इसके लिए गाइडलाइन तय की जाएगी।
3. ऑनलाइन बैंकिंग लेनदेन में यदि कोई धोखाधड़ी होती है, तो उसके लिए ग्राहकों पर जिम्मेदारी कम करने की गाइडलाइन बनाई जाएगी। यदि कोई ग्राहक छोटी राशि की डिजिटल धोखाधड़ी का शिकार होता है, तो उसे 25 हजार रुपये तक का मुआवजा मिल सके, इसके लिए एक फ्रेमवर्क तैयार किया जाएगा।