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सियासी तूफान के बीच अदालत का सहारा, मानस भुइयां ने खटखटाया हाई कोर्ट का दरवाजा

सबंग थाने में दर्ज शिकायत के बाद बढ़ी मुश्किलें, पूर्व विधायक पर पांच लाख रुपये लेकर नौकरी दिलाने का आरोप।

By श्वेता सिंह

Jun 24, 2026 13:56 IST

कोलकाताः पश्चिम मेदिनीपुर के प्रभावशाली राजनीतिक चेहरों में गिने जाने वाले पूर्व मंत्री और सात बार के विधायक रहे मानस भुइयां अब कानूनी विवादों के चलते सुर्खियों में हैं। नौकरी दिलाने के नाम पर धन लेने के आरोपों के बीच उन्होंने कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख कर सुरक्षा की मांग की है।

बुधवार को मानस भुइयां ने न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य की अदालत में याचिका दाखिल कर संरक्षण की मांग की। सबंग थाने में उनके खिलाफ शिकायत दर्ज होने के बाद से उनकी राजनीतिक और कानूनी स्थिति को लेकर चर्चाएं तेज थीं। इसी बीच अदालत पहुंचने के कदम ने पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया है।

मानस भुइयां लंबे समय तक कांग्रेस और बाद में तृणमूल कांग्रेस के प्रमुख नेताओं में शुमार रहे। सबंग विधानसभा क्षेत्र से सात बार विधायक चुने गए मानस ने राज्य में सत्ता परिवर्तन के बाद पार्टी से दूरी बनानी शुरू कर दी थी। 13 जून को उन्होंने तृणमूल कांग्रेस छोड़ने और पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देने की घोषणा की थी। इसके लिए उन्होंने ममता बनर्जी को अपना इस्तीफा भी भेजा था।

उन पर आरोप है कि उन्होंने एक महिला को सबंग स्थित तेमाथानी सिंचाई बंगले में केयरटेकर की नौकरी दिलाने के बदले पांच लाख रुपये लिए थे। शिकायत के अनुसार महिला को नौकरी तो मिली, लेकिन राज्य में सत्ता परिवर्तन के बाद महज दो महीने के भीतर उसे पद से हटा दिया गया।

इस घटना से संबंधित परिवार ने खुद को ठगा हुआ महसूस करते हुए न्याय की मांग की है। सबंग के विष्णुपुर गांव निवासी विकास कुमार तुंग ने अपनी पत्नी के साथ हुई कथित धोखाधड़ी को लेकर थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। परिवार का कहना है कि पैसे देने के बावजूद नौकरी स्थायी नहीं रही और अचानक सेवा समाप्त कर दी गई।

शिकायत दर्ज होने के बाद मामला राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है। हाई कोर्ट में सुरक्षा की मांग करने के बाद अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि जांच एजेंसियां और अदालत इस मामले में आगे क्या रुख अपनाती हैं।

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