लखनऊ : कानपुर के चमनगंज क्षेत्र स्थित हलीम ग्राउंड में लगे अस्थायी बकरी बाजार में मंगलवार रात हुए विवाद के बाद पूर्व समाजवादी पार्टी विधायक इरफान सोलंकी और उनके सहयोगियों के खिलाफ मारपीट, धमकी और अभद्र व्यवहार के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया और बड़ी संख्या में व्यापारी तथा स्थानीय लोग बाजार परिसर में जमा होकर पूर्व विधायक के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। प्रदर्शनकारियों ने कई घंटों तक बाजार का गेट बंद कर पुलिस कार्रवाई की मांग की। बाद में पुलिस अधिकारियों ने समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।
पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि मंगलवार देर रात एक ही समुदाय के दो गुटों के बीच झड़प हुई जिसके बाद दो अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। पहली एफआईआर बकरी बाजार संचालक वफा अब्बास की शिकायत पर दर्ज हुई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि इरफान सोलंकी अपने समर्थकों और सुरक्षा कर्मियों के साथ बाजार पहुंचे जहां उन्होंने गाली-गलौज की, मारपीट की और बाजार चलाने के बदले पैसे की मांग की।
वफा अब्बास ने आरोप लगाया कि विरोध करने पर उनके साथ हाथापाई की गई और इस दौरान दो लाख सत्तर हजार रुपये से भरा बैग भी गायब हो गया। पुलिस ने इस शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
वहीं दूसरी ओर सिसामऊ की वर्तमान समाजवादी पार्टी विधायक नसीम सोलंकी के सुरक्षा कर्मी अजीम अहमद की शिकायत पर भी मामला दर्ज किया गया। अजीम अहमद ने आरोप लगाया कि ड्यूटी के दौरान बाजार के अंदर कुछ लोगों ने उनके साथ मारपीट की, वर्दी फाड़ दी और उनकी कार्बाइन छीनने की कोशिश की।
पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी करने पर गनर अजीम अहमद को निलंबित कर दिया गया है। मामले की जांच के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। अब तक पुलिस को मिले वीडियो में इरफान सोलंकी दिखाई नहीं दिए हैं।
इधर इरफान सोलंकी ने सभी आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि बाजार में व्यापारियों और ग्राहकों से अवैध वसूली की शिकायतें मिल रही थीं इसी कारण वह अपनी पत्नी नसीम सोलंकी के साथ वहां पहुंचे थे। उनका दावा है कि उनके सुरक्षा कर्मियों पर हमला किया गया और उन्हें झूठे मामले में फंसाया जा रहा है।