जयपुर : अशोक गहलोत ने मंगलवार को राज्य की मौजूदा भारतीय जनता पार्टी सरकार पर लड़कियों और महिलाओं को सैनिटरी नैपकिन उपलब्ध कराने वाली योजना में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए और इसकी जांच की मांग की।
उन्होंने स्कूलों में बांटे जा रहे सैनिटरी नैपकिन की खराब गुणवत्ता का मुद्दा उठाते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार ने महिलाओं और बालिकाओं की मासिक धर्म स्वच्छता और गरिमा सुनिश्चित करने के लिए ‘उड़ान’ योजना शुरू की थी।
अशोक गहलोत ने कहा की हमारी कांग्रेस सरकार ने राज्य की महिलाओं और बालिकाओं की मासिक धर्म स्वच्छता और गरिमा सुनिश्चित करने के लिए एक अभिनव पहल ‘उड़ान योजना’ शुरू की थी। उन्होंने यह भी बताया कि इस सोच को समर्थन देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने भी देशभर के स्कूलों में छात्राओं को मुफ्त सैनिटरी पैड उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे।
उन्होंने आगे कहा कि आज की स्थिति चिंताजनक है खासकर तब जब भारतीय जनता पार्टी ‘नारी शक्ति’ को लेकर बड़े-बड़े दावे करती है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि इस योजना को करीब दो साल तक ठप रखा गया और अब वर्तमान सरकार इसके संचालन में भ्रष्टाचार कर रही है।
अशोक गहलोत ने यह भी दावा किया कि बालिकाओं को निम्न गुणवत्ता के सैनिटरी नैपकिन वितरित किए जा रहे हैं जिससे संक्रमण का गंभीर खतरा पैदा हो सकता है। उन्होंने मांग की कि सरकार इस मामले में उच्च स्तरीय जांच कराए दोषियों के खिलाफ सख्त कारवाई करे और तुरंत अच्छी गुणवत्ता वाले सैनिटरी नैपकिन उपलब्ध कराए।