चेन्नई : तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 से पहले अम्मा मक्कल मुनेत्र कड़गम ने अपना घोषणापत्र जारी कर दिया है। पार्टी के महासचिव टीटीवी दिनाकरन ने शनिवार को 120 प्रमुख वादों की घोषणा की।
दिनाकरन ने कहा कि पार्टी का सबसे बड़ा वादा है कि राज्य और केंद्र सरकार की नौकरियों में तमिल लोगों को 85 प्रतिशत आरक्षण दिया जाएगा। इसके साथ ही तमिल भाषा को और बढ़ावा देने की बात कही गई है। उन्होंने कहा कि तमिल को राज्य सरकार की आधिकारिक भाषा बनाया जाएगा और उच्च न्यायालय में भी इसके उपयोग को लागू किया जाएगा।
किसानों के लिए पार्टी ने बड़ा ऐलान किया है। घोषणापत्र में सभी किसानों के कर्ज पूरी तरह माफ करने का वादा किया गया है। वहीं ग्रामीण रोजगार को बढ़ाने के लिए 100 दिनों के काम को बढ़ाकर 150 दिन करने और मजदूरी बढ़ाने की बात कही गई है।
कावेरी-मेकदातु बांध विवाद को सुलझाने का भी भरोसा दिया गया है। कानून-व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए पुलिस को पूरी स्वतंत्रता देने की बात भी घोषणापत्र में शामिल है। सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना फिर से लागू करने का वादा किया गया है। पार्टी ने पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता को भारत रत्न दिलाने की मांग भी दोहराई है। दिनाकरन 6 अप्रैल से राज्यभर में चुनाव प्रचार शुरू करेंगे।
सीट बंटवारे पर उन्होंने बताया कि एनडीए में पार्टी को उसकी मांग के अनुसार अधिकांश सीटें मिली हैं। तमिलनाडु में 23 अप्रैल को मतदान होगा और 4 मई को मतगणना होगी।
राज्य में मुख्य मुकाबला डीएमके गठबंधन और एआईएडीएमके-एनडीए के बीच माना जा रहा है।