कोलकाताः टी20 वर्ल्ड कप 2026 में रविवार को 'करो या मरो' के मुकाबले में टीम इंडिया की भिड़ंत वेस्टइंडीज से होने जा रही है। कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान में सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए भारत को हर हाल में कैरेबियाई टीम के खिलाफ जीत दर्ज करनी होगी। टीम इंडिया ने सुपर-8 राउंड का आगाज साउथ अफ्रीका के खिलाफ हार के साथ किया था। प्रोटियाज टीम के खिलाफ मिली 76 रनों की बड़ी हार से भारतीय टीम के नेट रन रेट पर भी बुरा असर पड़ा था। हालांकि, जिम्बाब्वे के खिलाफ 26 फरवरी को खेले गए मुकाबले में सूर्या की सेना ने शानदार वापसी की थी। भारतीय टीम ने जिम्बाब्वे को एकतरफा अंदाज में 72 रनों से हराया था। मुकाबले की अहमियत को देखते हुए फैंस के मन में नेट रन रेट (NRR) और बारिश को लेकर कई सवाल हैं। आइए, पूरे समीकरण को आसान भाषा में समझा जाए।
भारत को बड़े अंतर से जीतना जरूरी है ?
भारत को बड़े अंतर से जीतना जरूरी है ?, इस सवाल का जवाब है नहीं है। भारत के लिए गणित बिल्कुल सीधा है। अगर टीम इंडिया यह मैच जीतती है, तो उसके कुल 4 अंक हो जाएंगे, जबकि वेस्टइंडीज 2 अंकों पर रह जाएगी। ऐसे में नेट रन रेट की कोई भूमिका नहीं रहेगी। चाहे जीत 1 रन से हो या आखिरी गेंद पर, बस जीत मिलनी चाहिए। जीतते ही भारत सेमीफाइनल का टिकट पक्का कर लेगा।
NRR कब बनता है ‘खलनायक' ?
नेट रन रेट यानी NRR तभी मायने रखता है जब दो टीमों के अंक बराबर हों। पहले चर्चा थी कि भारत को अपने पिछले मैच में बड़े अंतर से जीत दर्ज करनी होगी ताकि नेट रन रेट सुधर सके लेकिन अब तस्वीर साफ है यह मुकाबला करो या मरो जैसा है। यहां से समीकरण बेहद आसान है, जीत तो सेमीफाइनल का टिकट और हारे तो बाहर।
अगर बारिश ने खेल बिगाड़ा तो ?
सबसे पहले बात अगर मैच बारिश की वजह से रद्द हो जाता है, तो दोनों टीमों को 1-1 अंक मिलेगा। ऐसी स्थिति में भारत और वेस्टइंडीज, दोनों के 3-3 अंक हो जाएंगे। तब फैसला नेट रन रेट के आधार पर होगा। फिलहाल वेस्टइंडीज का NRR (+1.791) भारत (-0.100) से काफी बेहतर है। मतलब साफ है अगर मुकाबला धुल गया, तो वेस्टइंडीज सेमीफाइनल में पहुंच जाएगी और भारत टूर्नामेंट से बाहर हो जाएगा।