नई दिल्ली : न्यूज़ीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में चोट से उबरकर शुभमन गिल की राष्ट्रीय टीम में वापसी हुई थी लेकिन यह कमबैक सुखद नहीं रहा। घरेलू मैदान पर पहली बार भारत को कीवियों के खिलाफ वनडे सीरीज गंवानी पड़ी। बल्लेबाजी में दो अर्धशतक लगाने के बावजूद कप्तानी को लेकर शुभमन सवालों के घेरे में आ गए। वहीं एक और स्टार क्रिकेटर रवींद्र जडेजा भी पूरी तरह नाकाम रहे। तीन मैचों में उन्होंने कुल मिलाकर सिर्फ 43 रन बनाए और गेंद से भी कोई खास असर नहीं डाल सके। ऐसे में फॉर्म में लौटने के लिए दोनों ने घरेलू क्रिकेट का रुख किया है। रणजी ट्रॉफी के दूसरे चरण के मुकाबलों में ये दोनों खिलाड़ी खेलते नजर आएँगे।
22 जनवरी से रणजी ट्रॉफी के दूसरे चरण की शुरुआत होगी जहाँ पंजाब और सौराष्ट्र आमने–सामने होंगे। इस मैच में शुभमन गिल पंजाब की ओर से खेल सकते हैं। मौजूदा सीजन में शुभमन ने रणजी ट्रॉफी का एक भी मैच नहीं खेला है। पिछली बार उन्होंने पिछले सीजन में कर्नाटक के खिलाफ रणजी खेला था।
इसीलिए बल्लेबाजी और कप्तानी को और धार देने के इरादे से इस बार वे रणजी में लौट रहे हैं। इसके अलावा शुभमन को टी-20 विश्व कप के लिए भारतीय टीम में जगह नहीं मिली है। अगली वनडे सीरीज भी जुलाई महीने में है। ऐसे में खुद को साबित करने का यह उनके पास बड़ा मौका है।
दूसरी ओर इस सीजन में जडेजा ने रणजी ट्रॉफी में सिर्फ एक मैच खेला है। मध्य प्रदेश के खिलाफ उस मैच में उन्होंने 78 रन दिए थे और एक भी विकेट नहीं ले सके थे। बल्लेबाजी में उन्होंने 36 रन बनाए थे। विजय हजारे ट्रॉफी में दो मैच खेलने के बावजूद वे खास प्रभाव नहीं छोड़ पाए।
जडेजा फिलहाल भारत के लिए सिर्फ टेस्ट और वनडे ही खेलते हैं लेकिन कीवियों के खिलाफ इस खराब प्रदर्शन के बाद यह सवाल उठने लगा है कि क्या उनका वनडे करियर ढलान पर है। इसलिए राष्ट्रीय टीम में अपनी जगह बनाए रखने के लिए जडेजा ने भी रणजी ट्रॉफी को चुना है। दोनों स्टार खिलाड़ियों के खेलने से इस मैच को लेकर क्रिकेट प्रेमियों के बीच उत्साह भी बढ़ गया है।