🔔 ताज़ा ख़बरें सबसे पहले!

Samachar EiSamay की ब्रेकिंग न्यूज़, राजनीति, खेल, मनोरंजन और बिज़नेस अपडेट अब सीधे आपके पास।

भारत के चौथे दौरे पर आये फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों, भारत-फ्रांस रणनीतिक साझेदारी को नई गति मिलेगी

मोदी-मैक्रों वार्ता में रक्षा, एआई और नवाचार सहयोग पर रहेगा फोकस

By डॉ. अभिज्ञात

Feb 17, 2026 14:02 IST

मुंबई: फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और प्रथम महिला ब्रिजिट मैक्रों मंगलवार को अपने निर्धारित भारत दौरे पर महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई पहुंचे। उनका यह दौरा 19 फरवरी तक जारी रहेगा। मुंबई हवाई अड्डे पर उनका स्वागत महाराष्ट्र के राज्यपाल आचार्य देवव्रत और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने किया।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया मंच एक्स (X) पर पोस्ट करते हुए कहा, “भारत-फ्रांस रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने की दिशा में कदम! फ्रांसीसी गणराज्य के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का हार्दिक स्वागत। मुंबई हवाई अड्डे पर महाराष्ट्र एवं गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रपति मैक्रों के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे। दोनों नेता वर्ष 2026 को ‘इनोवेशन ईयर’ के रूप में लॉन्च करेंगे। यह यात्रा भारत-फ्रांस की जीवंत रणनीतिक साझेदारी को और गति देगी।”

प्रधानमंत्री मोदी के निमंत्रण पर हो रहा यह दौरा राष्ट्रपति मैक्रों का भारत का चौथा दौरा है। यह यात्रा भारत-फ्रांस रणनीतिक साझेदारी में निरंतर प्रगति का संकेत देती है, जिसमें विशेष रूप से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) सहयोग और उभरती प्रौद्योगिकियों पर ध्यान केंद्रित किया गया है।

फ्रांसीसी दूतावास के अनुसार यह दौरा नई दिल्ली और पेरिस के बीच विस्तार लेते संबंधों का एक और महत्वपूर्ण अध्याय है। यह यात्रा रक्षा, अंतरिक्ष, असैन्य परमाणु ऊर्जा, जलवायु कार्रवाई और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में गहराते सहयोग की पृष्ठभूमि में हो रही है।

इस साझेदारी की दिशा 2018 में राष्ट्रपति मैक्रों की पहली भारत यात्रा से शुरू हुई थी। इसके बाद वे 2023 के जी20 शिखर सम्मेलन में शामिल हुए और 2024 में 75वें गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में राज्य यात्रा पर भारत आए। उसी अवसर पर दोनों नेताओं ने वर्ष 2026 को ‘भारत-फ्रांस नवाचार वर्ष’ घोषित किया था, जिसका संयुक्त उद्घाटन वे इस यात्रा के दौरान मुंबई में करेंगे।

17 फरवरी को मुंबई में प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों ‘होराइजन 2047’ रोडमैप के तहत द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने के लिए व्यापक चर्चा करेंगे। दोनों नेता हिंद-प्रशांत क्षेत्र सहित क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान करेंगे, जो बढ़ती रणनीतिक समानता को दर्शाता है।

मुंबई के कार्यक्रमों के बाद प्रतिनिधिमंडल नई दिल्ली जाएगा, जहां 16 से 20 फरवरी तक भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में भाग लिया जाएगा। यह कार्यक्रम ‘ग्लोबल साउथ’ में आयोजित पहला वैश्विक एआई शिखर सम्मेलन है। इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट पांच दिवसीय कार्यक्रम है, जो तीन मूल स्तंभों—पीपल (लोग), प्लेनेट (पृथ्वी) और प्रोग्रेस (प्रगति) पर आधारित है।

राष्ट्रपति मैक्रों की भागीदारी इस बात को रेखांकित करती है कि दोनों देश उभरती प्रौद्योगिकियों को कितना महत्व देते हैं। यह फरवरी 2025 में पेरिस में आयोजित एआई एक्शन समिट में प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों की सह-अध्यक्षता के बाद सहयोग को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

Prev Article
नाबालिग संतान की कस्टडी में मां की प्राथमिकता क्या तय मानी जाएगी? अब समय है यह धारणा बदलने का!
Next Article
जम्मू से भागे 2 पाकिस्तानी कैदी पंजाब में पकड़े गए! जुवेनाइल होम में आतंकियों के कनेक्शन?

Articles you may like: