बस्तर/भुवनेश्वर : छत्तीसगढ़ के बस्तर में वरिष्ठ माओवादी कमांडर पापा राव ने अपनी टीम के साथ बुधवार को आत्मसमर्पण कर दिया। वह डंडकारनाया विशेष क्षेत्रीय समिति के सदस्य और माओवादी दक्षिण उप-क्षेत्रीय ब्यूरो के प्रभारी हैं।
साथ ही ओडिशा पुलिस ने भी महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। कुख्यात माओवादी नेता सुकुरू ने अपने चार साथियों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
एंटी नक्सल ऑपरेशंस संजीव पांडा ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले इन पांचों पर कुल 66 लाख रुपये का इनाम घोषित था। इनके द्वारा पांच हथियार भी पुलिस को सौंपे गए हैं। जिनमें एक AK-47 राइफल, एक INSAS राइफल और एक सिंगल-शॉट गन शामिल है।
उन्होंने कहा कि सुकुरू और उसके साथियों का मुख्यधारा में स्वागत किया जाता है और सरकार की पुनर्वास नीति के तहत उन्हें सभी सुविधाएं दी जाएंगी।
पुलिस अधिकारियों ने यह भी दोहराया कि राज्य में नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए अभियान और तेज किया जाएगा। कंधमाल जिले में अब केवल 8 से 9 माओवादी ही बचे हैं और पुलिस का लक्ष्य 31 मार्च तक इस अभियान में ठोस परिणाम हासिल करना है। साथ ही शेष माओवादियों से आत्मसमर्पण करने की अपील भी की गई है।
जिले के पुलिस अधीक्षक Harisha BC ने विश्वास जताया कि सुकुरू के आत्मसमर्पण के बाद बाकी बचे माओवादी भी जल्द ही हथियार डाल देंगे, क्योंकि अब उनके पास कोई बड़ा नेतृत्व नहीं बचा है। उन्होंने कहा कि यदि शेष 8 से 9 माओवादी भी आत्मसमर्पण कर देते हैं, तो जिले को पूरी तरह नक्सलवाद से मुक्त किया जा सकता है।
इस बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित साह पहले ही यह कह चुके हैं कि सरकार का लक्ष्य इस वर्ष 31 मार्च तक देश से नक्सलवाद को समाप्त करना है।