मुंबई : जसप्रीत बुमराह आज दुनिया के बेहतरीन गेंदबाजों में गिने जाते हैं लेकिन उनके आईपीएल करियर की शुरुआत इतनी मजबूत नहीं थी। साल 2013 में मुंबई इंडियंस के लिए डेब्यू करते समय उनका इकोनॉमी रेट 10.00 था। यह किसी तेज गेंदबाज के लिए अच्छा आंकड़ा नहीं माना जाता।
शुरुआती साल उनके लिए उतार-चढ़ाव भरे रहे। 2014 में उन्होंने सुधार किया और इकोनॉमी 7.59 तक ले आए लेकिन 2015 में फिर गिरावट आई और उनका इकोनॉमी रेट 12 से ऊपर चला गया। इस दौरान उन्हें काफी रन पड़े।
इसके बाद बुमराह ने अपनी गेंदबाजी पर कड़ी मेहनत की। 2016 से उनका खेल पूरी तरह बदल गया। इस साल से लेकर अब तक उनका इकोनॉमी रेट कभी भी 8 के पार नहीं गया। यह उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन को दिखाता है। उन्होंने हर सीजन में खुद को बेहतर किया। 2018 और 2019 में उनका इकोनॉमी 7 से नीचे आ गया। 2020 में भी उन्होंने शानदार नियंत्रण बनाए रखा। 2021 और 2022 में भी वे टीम के भरोसेमंद गेंदबाज बने रहे।
2023 में चोट के कारण वह आईपीएल नहीं खेल सके लेकिन वापसी के बाद उन्होंने फिर शानदार प्रदर्शन किया। 2024 और 2025 में उनका इकोनॉमी रेट 7 से कम रहा। इन दो सालों में बल्लेबाजों के लिए उन्हें खेलना काफी मुश्किल हो गया।
अब हालात ऐसे हैं कि उनके एक ओवर में 7 रन बनाना भी चुनौती बन गया है। उनकी सटीक लाइन-लेंथ और यॉर्कर गेंदें उन्हें खास बनाती हैं। यही वजह है कि वे टीम के सबसे भरोसेमंद गेंदबाज बने हुए हैं।
अपने आईपीएल करियर में बुमराह 145 मैच खेल चुके हैं। इस दौरान उन्होंने 183 विकेट लिए हैं। उनका औसत और इकोनॉमी दोनों ही शानदार हैं।
कुल मिलाकर बुमराह ने समय के साथ खुद को पूरी तरह बदला है। अब वे हर परिस्थिति में टीम के लिए मैच जिताने वाले गेंदबाज बन चुके हैं। आने वाले सीजन में उनसे फिर अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।