रबात : अफ्रीका कप ऑफ नेशंस के सेमीफाइनल में फुटबॉल प्रेमियों को जबरदस्त मुकाबले देखने को मिले। सबसे ज्यादा निगाहें मिस्र बनाम सेनेगल के मैच पर थीं क्योंकि इसमें दो स्टार खिलाड़ी सादियो माने और मोहम्मद सलाह आमने-सामने थे लेकिन इस अहम मुकाबले में आखिरी मुस्कान माने के चेहरे पर रही। उनके शानदार गोल की बदौलत सेनेगल ने मिस्र को हराकर AFCON के फाइनल में जगह बना ली।
दूसरे सेमीफाइनल में मोरक्को ने अपना शानदार फॉर्म जारी रखा। टाईब्रेक में 4-2 से जीत दर्ज कर उसने नाइजीरिया को हराया और फाइनल में प्रवेश किया। अब रविवार को फाइनल में मोरक्को का सामना सेनेगल से होगा।
मिस्र बनाम सेनेगल
इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में सेनेगल ने सितारों से सजी टीम उतारी थी जिसमें सादियो माने, कालिदू कुलीबाली और इद्रिसा गुए जैसे खिलाड़ी शामिल थे। वहीं मिस्र की ओर से मोहम्मद सलाह और ओमर मार्मूश पर सबकी नजरें टिकी थीं। मैच की शुरुआत से ही सेनेगल ने दबदबा बनाया रखा। 21वें मिनट में चोट के कारण सेनेगल के स्टार डिफेंडर कुलीबाली को मैदान छोड़ना पड़ा।
इसके बावजूद निकोलस जैक्सन और सादियो माने लगातार हमले कर मिस्र को मुश्किल में डालते रहे। मैच का एकमात्र गोल 78वें मिनट में आया, जब बॉक्स के बाहर से माने ने जबरदस्त बुलेट शॉट लगाकर गेंद को जाल में पहुंचा दिया। सलाह और मार्मूश ने बराबरी की कोशिश जरूर की लेकिन स्कोर नहीं बदल सके।
मोरक्को बनाम नाइजीरिया
इस मुकाबले पर भी सभी की नजरें थीं। पूरे टूर्नामेंट में मोरक्को शानदार लय में नजर आया। घरेलू मैदान पर खेलने का फायदा ब्राहिम डियाज और आच्राफ हकीमी जैसे खिलाड़ियों को मिला। हालांकि नाइजीरिया की ओर से विक्टर ओसिमहेन और अकुर एडम्स ने भी कड़ी चुनौती पेश की। कड़े मुकाबले के कारण निर्धारित समय तक कोई भी टीम गोल नहीं कर सकी।
अतिरिक्त समय में भी नतीजा नहीं निकला और मैच टाईब्रेक तक पहुंचा। टाईब्रेक में मोरक्को ने 4-2 से जीत दर्ज की। मैच के दौरान और टाईब्रेक में शानदार बचाव कर मोरक्को के गोलकीपर यासिन बूनू नायक बनकर उभरे।
18 जनवरी यानी रविवार की आधी रात को सेनेगल और मोरक्को के बीच फाइनल मुकाबला खेला जाएगा। वहीं तीसरे स्थान के लिए शनिवार को मिस्र और नाइजीरिया आमने-सामने होंगे।