नई दिल्ली: आईसीसी को दबाव में डालकर टी20 विश्व कप खेलने को लेकर पाकिस्तान के रुख से उसके अपने ही पूर्व खिलाड़ी नाराज हैं। इसी बीच भारत के पूर्व खिलाड़ी भी पाकिस्तान के खिलाफ आक्रामक तेवर अपनाते नजर आ रहे हैं। निशाने पर हैं पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन मोहसिन नकवी।
पूर्व भारतीय क्रिकेटर कृष्णमाचारी श्रीकांत ने पाकिस्तान टीम को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि पाकिस्तान को विश्व कप में नहीं आना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब मोहसिन नकवी खुद कह चुके हैं कि टीम नहीं आएगी, तो बेहतर है कि पाकिस्तान दूर ही रहे। अगर वे आए तो बुरी तरह हारेंगे। कोलंबो में मारे गए छक्के मद्रास तक जाकर गिरेंगे। उनके अनुसार मौजूदा भारतीय टीम जिस तरह की बल्लेबाजी कर रही है, वैसी हिटिंग उन्होंने टी20 क्रिकेट में पहले कभी नहीं देखी। यह संदेश सिर्फ पाकिस्तान के लिए नहीं बल्कि दुनिया की सभी टीमों के लिए है।
15 फरवरी को कोलंबो में भारत बनाम पाकिस्तान मुकाबला होगा या नहीं, इसे लेकर अभी भी संशय बना हुआ है। हालांकि सुनील गावस्कर अब भी भारत-पाकिस्तान मुकाबले को असली टक्कर मानते हैं। उनके अनुसार दोनों टीमों को एक ही ग्रुप में रखने का मतलब है कि टूर्नामेंट की शुरुआत एक पारंपरिक और रोमांचक मुकाबले से होगी, जो किसी भी बड़े टूर्नामेंट के लिए शानदार शुरुआत होती है।
पाकिस्तान के पूर्व खिलाड़ी भी मोहसिन नकवी की कड़ी आलोचना कर रहे हैं। कोई भी विश्व कप के बहिष्कार की ठोस वजह नहीं समझ पा रहा है। पूर्व कप्तान इंजमाम उल हक ने साफ कहा कि वह व्यक्तिगत रूप से पाकिस्तान टीम को विश्व कप में खेलते देखना चाहते हैं। वहीं वसीम अकरम भी यह समझने में असमर्थ हैं कि पाकिस्तान अचानक बांग्लादेश के मुद्दे पर विश्व कप के बहिष्कार की बात क्यों कर रहा है।
इसी बीच बांग्लादेश की अंतरिम सरकार की दोहरी नीति को लेकर उसके खेल जगत में सवाल उठने लगे हैं। 2 से 14 फरवरी तक नई दिल्ली में होने वाली एशियन राइफल और पिस्टल शूटिंग चैंपियनशिप में भाग लेने के लिए बांग्लादेशी शूटरों को अनुमति मिल गई है। इस प्रतियोगिता में बांग्लादेश की ओर से एकमात्र शूटर रबिउल इस्लाम और उनके कोच शर्मिन अख्तर नई दिल्ली जाएंगे। सुरक्षा का हवाला देकर क्रिकेट से दूरी बनाने के बाद शूटरों को भारत भेजने के फैसले ने नई बहस छेड़ दी है।