कोलकाता : परसों से विश्वकप शुरू हो रहा है लेकिन मैदान का मशहूर बटतला इलाका अभी सूना पड़ा है। शनिवार को टी-20 विश्वकप के पहले मैच में वेस्ट इंडीज और स्कॉटलैंड आमने-सामने होंगे लेकिन रोस्टन चेज, शाई होप, शेरफेन रदरफोर्ड, जेसन होल्डर जैसे खिलाड़ियों को देखने को लेकर पूरे शहर में कोई खास उत्साह नहीं है। बांग्लादेश के विश्वकप का बहिष्कार करने से सबसे ज्यादा नुकसान ईडन गार्डन्स को हुआ है। अगर बांग्लादेश खेलता तो मैदान आधे से ज्यादा भर जाता। स्कॉटलैंड या दो बार की चैंपियन वेस्ट इंडीज भी उसकी भरपाई नहीं कर पा रहे हैं। भारत का मैच सुपर-8 में है इसलिए फिलहाल उस मुकाबले को लेकर चिंता कम है। दर्शक नहीं होंगे इस बात को लेकर भी सीएबी ज्यादा चिंतित नहीं है। सौरव गांगुली की अगुआई वाली समिति मैदान में दर्शक लाने के लिए तरह-तरह की पहल कर रही है।
विश्वकप शुरू होने से ठीक पहले भी सीएबी में वह परिचित नजारा नहीं दिख रहा। क्लब हाउस में टिकटों की मांग नहीं है। टिकट चाहने वालों की भीड़ भी नहीं है। ऑनलाइन 9 हजार टिकट जारी किए गए थे। यह मानकर कि भारत सुपर-8 में खेलेगा उस दिन के टिकट चंद पलों में बिक गए। बाकी सभी मैचों के टिकट अब भी बिके नहीं हैं। सबसे खराब हालत स्कॉटलैंड बनाम इटली मैच की है बुधवार तक सिर्फ 348 टिकट ही बिके हैं। हालांकि इंग्लैंड के मैचों को लेकर कुछ मांग जरूर है। इटली बनाम इंग्लैंड मैच के लिए 4970 टिकट बिके हैं जबकि इंग्लैंड–स्कॉटलैंड मैच के लिए 2075 टिकट बिके।
बांग्लादेश के न आने से ईडन में उत्साह कम हुआ है यह बात सीएबी अध्यक्ष सौरव गांगुली ने भी स्वीकार की। बुधवार रात सीएबी में बैठे सौरव ने कहा कि सिर्फ हमारे यहां ही नहीं सभी राज्यों में अनजान टीमों के मैचों में यही हाल होगा। बांग्लादेश खेलता तो भीड़ कुछ जरूर बढ़ती लेकिन सुपर-8 में भारत के मैच और सेमीफाइनल में आप बिल्कुल अलग नजारा देखेंगे।
मैदान में दर्शक लाने के लिए सीएबी के तहत चल रहे सभी कोचिंग कैंपों को पत्र भेजे गए हैं। अलग-अलग स्कूलों को भी चिट्ठियां भेजी गई हैं। मैच देखने ईडन आने पर उन्हें टिकट दिए जाएंगे। इसके अलावा फ्लडलाइट के साथ लेजर शो भी रखा गया है। सौरव ने बताया कि भारत के मैच और सेमीफाइनल के लिए कुछ खास और आकर्षक करने की कोशिश की जा रही है।