नयी दिल्लीः न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे ODI में भारत सात विकेट से हार गया, जिससे सीरीज अब 1-1 से बराबर हो गई है। इस मैच में केवल केएल राहुल ही मैदान पर चमके और उनकी धमाकेदार सेंचुरी की बदौलत भारत ने 284 रन बनाए। हालांकि, अंतिम डिफेंस नहीं हो सका और मैच हारने के बाद टीम के सीनियर्स से लेकर युवा खिलाड़ी तक आलोचना का सामना कर रहे हैं।
गौतम गंभीर के असिस्टेंट कोच रयान टेन डेसकाटे ने साफ कहा है कि रोहित शर्मा और नीतीश कुमार रेड्डी को मौके मिलने के बावजूद उनका फायदा नहीं उठा पा रहे हैं। हालांकि, जडेजा कुछ हद तक गंभीर के करीबी होने की वजह से आलोचना से बच गए।
रोहित शर्मा का फॉर्म चिंता में डाल रहा टीम को
डेसकाटे ने रोहित शर्मा पर कड़े शब्दों में हमला बोलते हुए कहा कि विजय हजारे ट्रॉफी में दो मैच खेलने के बावजूद रोहित अभी तक अपनी लय में लौट नहीं पाए हैं। उन्होंने कहा, 'इस मैच में नई गेंद पर बैटिंग करना आसान नहीं था। अगर आप पहले ODI और इस ODI की तुलना करें, तो रोहित पहले की तरह सहज नहीं थे। उनके लिए सीरीज के बीच में क्रिकेट न खेलना बड़ी चुनौती बन गई थी।'
बैटिंग स्टाइल और कंडीशन हैं बड़ी वजहें
जब पूछा गया कि क्या रोहित ने अपनी बैटिंग स्टाइल बदली है, तो डेसकाटे ने कहा कि असली वजह विकेट की कंडीशन थी। उनके अनुसार, 'रोहित बहुत मजबूत बैट्समैन हैं, लेकिन असल में वह टाइमिंग प्लेयर हैं। अगर विकेट अच्छा नहीं होता, तो वह अपना सामान्य खेल नहीं खेल पाते।'
रोहित की आलोचना के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या उन्हें पूरी तरह टीम से बाहर करने से पहले माहौल तैयार किया जा रहा है। हालांकि, तीसरे ODI में रोहित फेल हो गए तो टीम में बने रहने की उनकी स्थिति चुनौतीपूर्ण हो जाएगी। डेसकाटे ने अंत में कहा, 'रोहित कभी केवल अपने फायदे के लिए नहीं खेलते। बात बस इतनी है कि विकेट मुश्किल था और वह सीरीज से पहले प्रैक्टिस से थोड़ा बाहर थे।'