बीजिंग: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कनाडा और ब्रिटेन के खिलाफ चेतावनी भरे बयान जारी किए हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार और कूटनीति के माहौल में फिर से तनाव बढ़ गया है। ट्रंप ने कनाडा से अमेरिका में निर्यात होने वाले विमानों पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाने की धमकी दी है। यह नाराजगी कनाडाई सरकार द्वारा अमेरिकी विमान निर्माता गल्फस्ट्रीम एयरोस्पेस के जेट विमानों को मंजूरी न देने के फैसले से उत्पन्न हुई।
इसके अलावा ट्रंप ने कहा कि कनाडा की विमान निर्माता कंपनी बॉम्बार्डियर द्वारा बनाए गए जेट या अन्य विमानों को अमेरिका अब प्रमाणपत्र नहीं देगा। वहीं, चीन के साथ संभावित समझौते को लेकर ब्रिटेन की यात्रा को लेकर भी उन्होंने नाराजगी जताई। ट्रंप ने चेतावनी दी कि अगर चीन-कनाडा समझौता होता है तो अमेरिका 100 प्रतिशत टैरिफ लगाने का विकल्प भी इस्तेमाल कर सकता है।
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीयर स्टारमर ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से लगभग तीन घंटे की बैठक की, जिसके बाद ट्रंप ने ब्रिटेन को भी सतर्क किया। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि किस प्रकार के कदम उठाए जाएंगे।
ट्रंप की चेतावनी के बाद कनाडा और ब्रिटेन ने पलटवार किया। कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने कहा कि उनकी संप्रभुता का सम्मान किया जाना चाहिए और चीन के साथ समझौता अमेरिकी संबंधों को प्रभावित नहीं करेगा। वहीं ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीयर स्टारमर ने कहा कि रक्षा, सुरक्षा और व्यापार के सभी क्षेत्र में अमेरिका के साथ घनिष्ठ संबंध हैं और चीन और अमेरिका में किसी एक को चुनना तर्कसंगत नहीं है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप के ये बयान वैश्विक व्यापार और राजनीतिक साझेदारी पर दबाव डाल सकते हैं, खासकर विमानन और तकनीकी निर्यात क्षेत्रों में।