कोलकाताः विशेष गहन पुनरीक्षण(SIR) प्रक्रिया को लेकर उत्पीड़न के आरोप में देश बचाओ जनमंच ने राज्य के लोगों को सड़क पर आने की अपील की। मंच के बयान में कहा गया कि SIR सुनवाई में आम लोगों को जिस तरह से उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है, उससे पूरे समाज के लिए सड़क पर उतरकर आंदोलन करने का समय आ गया है। मंगलवार दोपहर को कोलकाता प्रेस क्लब में इस विषय पर मंच के सदस्यों ने पत्रकार वार्ता की। 'SIR' को लेकर अमर्त्य सेन का एक संदेश भी उस दिन स्क्रीन पर दिखाया गया। उच्च न्यायालय के सोमवार के निर्देश को मंच के सदस्यों ने राहत की बात बताया।
देश बचाओ गणमंच की ओर से पूणेंदु बसु, डोला सेन, रंतीदेव सेनगुप्ता, सैकत मित्र ने आरोप लगाए कि बीजेपी के इशारे पर ही चुनाव आयोग काम कर रहा है। एसआईआर की सुनवाई प्रक्रिया में आम लोगों को परेशान किया जा रहा है। उनका दावा है कि ऐसा करते हुए चुनाव आयोग वास्तव में उत्पीड़न आयोग का रूप ले चुका है। कई लोग मारे भी गए हैं। इस दिन मतुआ समुदाय के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।
मतुआ समुदाय की ओर से राजेन बैन गोसाई ने कहा, 'सबसे ज्यादा खतरे में मतुआ सहित बंगाली हैं। चुनाव आयोग की लगातार उत्पीड़न के विरोध में सड़क पर उतरना जरूरी है।' इसके पहले देश बचाओ गणमंच की ओर से राज्य चुनाव आयोग के कार्यालय में ज्ञापन सौंपा गया था। उनका दावा था कि जल्दीबाजी नहीं करते हुए दीर्घकालिक प्रक्रिया में मतदाता सूची संशोधन किया जाए।