भुवनेश्वरः एक अवैध पत्थर खदान में चट्टान गिरने से ओडिशा के ढेंकानाल जिले में शनिवार शाम कम से कम दो लोगों की मौत हो गई। हादसा मोटंगा थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव के पास स्थित खदान में उस समय हुआ, जब कुछ मजदूर पत्थर की ड्रिलिंग और खोज कार्य में लगे हुए थे।
समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार सूचना मिलते ही स्थानीय अग्निशमन सेवा, ओडिशा डिजास्टर रैपिड एक्शन फोर्स (ओड्राफ) और डॉग स्क्वॉड की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव अभियान चलाया गया। ढेंकानाल के जिलाधिकारी आशीष ईश्वर पाटिल और पुलिस अधीक्षक अभिनव सोनकर स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे और बचाव कार्य की निगरानी की। जिलाधिकारी ने बताया कि हादसे के समय केवल दो ही लोग खदान में मौजूद थे और दोनों के शव बरामद कर लिए गए हैं। मृतकों में से एक बालासोर जिले का रहने वाला था, जबकि दूसरे की पहचान क्योंझर या मयूरभंज जिले का निवासी हो सकता है। हालांकि, उनकी आधिकारिक पहचान अभी नहीं हो सकी है।
जांच में यह सामने आया है कि संबंधित पत्थर खदान में विस्फोट की अनुमति सितंबर में ही समाप्त हो चुकी थी, जबकि खदान का लीज दिसंबर 2025 में खत्म हो गया था। इसके बावजूद वहां खनन और ब्लास्टिंग का काम जारी था। जिलाधिकारी पाटिल ने कहा कि लीज समाप्त होने के बाद भी खनन जारी रखने के मामले में खदान मालिक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिले में अवैध खनन के खिलाफ सख्त अभियान और तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। हादसे के बाद खदान को सील कर दिया गया है। स्थानीय तहसीलदार मनोज माझी ने बताया कि क्षेत्र में पुलिस बल तैनात किया जाएगा ताकि कोई भी व्यक्ति खदान के भीतर प्रवेश न कर सके।
राज्य विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष नवीन पटनायक ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि ढेंकानाल की पत्थर खदान में विस्फोट के बाद चट्टान गिरने से मजदूरों की मौत की खबर बेहद दुखद है। उन्होंने यह भी मांग की कि हादसे की परिस्थितियों और मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था की गहन जांच हो तथा सरकार राहत एवं बचाव कार्यों में तेजी लाने पर विशेष ध्यान दे।