तिरुवनंतपुरम : केरल के कोच्चि में एक निजी अस्पताल के बाहर खड़ी कार में 21 वर्षीय महिला ने एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। अस्पताल प्रशासन के अनुसार रविवार सुबह महिला अस्पताल के इमरजेंसी गेट पर पहुंचते ही उन्हे तेज़ प्रसव पीड़ा शुरू हो गई।
वीपीएस लेकशोर अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि महिला जैसे ही इमरजेंसी गेट पर पहुंची, उनकी स्थिति काफी गंभीर हो चुकी थी। इमरजेंसी चिकित्सक डॉ. आदिल अशरफ तुरंत बाहर पहुंचे और देखा कि बच्चे का जन्म होने ही वाला है। ऐसे में महिला को अंदर ले जाने में समय लगता और जटिलताओं का खतरा बढ़ सकता था इसलिए डॉक्टरों ने कार के अंदर ही सुरक्षित तरीके से उनकी डिलीवरी करवायी।
महिला अपने परिवार के साथ कन्नूर से अरूर एक शादी समारोह में शामिल होने आई थी। उसकी डिलीवरी की संभावित तारीख 22 जनवरी थी लेकिन सुबह करीब 3 बजे उन्हें प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। पहले उन्हें अरूर के पास एक अस्पताल ले जाया गया, जहां दर्द कम करने की दवा दी गई। बाद में सुबह करीब 8 बजे दर्द बढ़ने पर परिजनों ने उन्हें कोच्चि के इस निजी अस्पताल तक पहंचाया।
डिलीवरी के बाद मां को देखभाल के लिए लेबर रूम में शिफ्ट किया गया। नवजात को निगरानी के लिए नवजात गहन चिकित्सा इकाई (एनआईसीयू) में भर्ती किया गया। अस्पताल प्रशासन ने बताया कि मां और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं और उनकी हालत स्थिर है।
डॉ. अशरफ ने कहा कि जब महिला इमरजेंसी गेट पर पहुंची तब बच्चे का जन्म लगभग हो चुका था और उसे अंदर ले जाना जोखिम भरा हो सकता था। पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार परिवार के एक सदस्य ने बताया कि अस्पताल टीम की तत्परता और समय पर की गई देखरेख से मां और नवजात दोनों की जान बची।