जयपुर: उत्तर भारत में शीतलहर के तेज होने के साथ ही राजस्थान की राजधानी जयपुर बुधवार सुबह घने कोहरे की चपेट में आ गई, जिससे दृश्यता में भारी कमी दर्ज की गई। कम दृश्यता के कारण यात्रियों को दुर्घटनाओं के खतरे से बचने के लिए हाइवे पर हेडलाइट जलाकर वाहन चलाते देखा गया। वहीं, कड़ाके की ठंड से बचने के लिए शहर के कई इलाकों में लोगों ने अलाव जलाए। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, जयपुर में शीतलहर चल रही है और तापमान 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शीतलहर के साथ-साथ राजधानी की हवा की गुणवत्ता भी खराब हुई है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के मुताबिक, सुबह 8 बजे जयपुर का एक्यूआई 247 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है।
एएनआई की रिपोर्ट के अनुसार जयपुर के अलावा राजस्थान के अन्य शहर भी घने कोहरे की चपेट में रहे। अजमेर में भी बुधवार सुबह घना कोहरा छाया रहा। जयपुर की तरह यहां भी दृश्यता में काफी कमी दर्ज की गई और घर-इमारतें कोहरे में ढकी नजर आईं। हालांकि जयपुर की तुलना में अजमेर की हवा की गुणवत्ता बेहतर रही। यहां एक्यूआई 106 दर्ज किया गया, जो मध्यम श्रेणी में आता है।
उत्तर प्रदेश में भी कई शहर घने कोहरे से प्रभावित रहे, जिससे दृश्यता कम हो गई। उदाहरण के तौर पर, सुबह के समय आगरा शहर को कोहरे की मोटी परत ने ढक लिया। दुनिया के सात अजूबों में शामिल ताजमहल भी घने कोहरे के कारण साफ दिखाई नहीं दिया। आईएमडी के अनुसार, आगरा में अधिकतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोहरे के बावजूद शहर की हवा की गुणवत्ता ‘मध्यम’ बनी रही, जो सीपीसीबी के आंकड़ों के अनुसार 101–200 के दायरे में आती है। मुरादाबाद सहित अन्य शहर भी शीतलहर के कारण घने कोहरे से जूझते रहे। हालांकि वहां भी कुल मिलाकर हवा की गुणवत्ता ‘मध्यम’ श्रेणी में बनी रही।
इससे पहले, दिल्ली में भी हवा की गुणवत्ता में हल्की गिरावट दर्ज की गई। सीपीसीबी के अनुसार, सुबह 8 बजे राजधानी का एक्यूआई 300 रहा, जो ‘खराब’ श्रेणी में आता है। हालांकि गिरावट मामूली रही और हवा अपेक्षाकृत साफ रही लेकिन राजधानी में हल्का कोहरा छाया रहा। कर्तव्य पथ जैसे इलाकों में आज सुबह शीतलहर के कारण घना कोहरा देखने को मिला।