आदिवासी होस्टल में रहकर पढ़ाई करने वाले छात्रों के रहने और खाने-पीने का भत्ता राज्य सरकार ने बढ़ाया। पहले उन्हें ₹1800 दिया जाता था लेकिन अब उन्हें ₹3300 दिया जाएगा। मंगलवार (30 जून) को हूल दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी (Suvendu Adhikari) ने यह घोषणा की।
इसके साथ ही उन्होंने जय जोहार परियोजना में वृद्ध आदिवासी महिलाओं को महीने में मिलने वाले भत्ते को ₹1000 से बढ़ाकर ₹1500 करने की घोषणा की है।
शुभेंदु अधिकारी ने आरोप लगाते हुए कहा कि पश्चिमांचल उन्नयन परिषद को पिछले 3 सालों के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एक रुपया भी नहीं दिया है। लेकिन सत्ता परिवर्तन के बाद राज्य में भाजपा की सरकार बनने के बाद राज्य सरकार ने 75 ब्लॉक के विकास के लिए ₹1200 करोड़ का आवंटन देने की जानकारी दी।
मुकुटमणीपुर में आयोजित कार्यक्रम मुख्यमंत्री ने कहा कि आपको जानकर आश्चर्य होगा कि साल वित्त वर्ष 2025-26 में जंगलमहल के 75 ब्लॉक में मात्र ₹6 करोड़ का काम हुआ है। हमने इस बार के बजट में ₹1200 का बजट निर्धारित किया है।
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उन्होंने जंगलमहल के 75 ब्लॉक में स्वास्थ्य केंद्र बनाने की घोषणा करने के साथ ही कहा कि पेयजल की भी व्यवस्था की जाएगी। कम्यूनिटी हॉल बनाया जाएगा। हमने बहुत योजनाएं बनायी हैं। एक ओर झारखंड का औद्योगिक शहर जमशेदपुर है और दूसरी ओर हमारा औद्योगिक शहर दुर्गापुर है। इन दोनों शहरों को 200 किलोमीटर लंबी सड़क के माध्यम से जोड़ा जाएगा। यह पूरा इलाका, पुरुलिया और बांकुड़ा को भविष्य में हम विकास के शिखर पर ले जाएंगे।
मुकुटमणीपुर बनेगा पर्यटन केंद्र
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि मुकुटमणीपुर को आदर्श पर्यटन केंद्र के तौर पर विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पश्चिमांचल विकास विभाग, आदिवाली कल्याण विभाग और पर्यटन विभाग मिलकर मुकुटमणीपुर को आदर्श पर्यटन केंद्र बनाएंगे। यहां कई संरचनात्मक खामियां हैं। उन्हें दूर किया जाएगा। हमारे 17 आदिवासी विधायक हैं। अब हम ऋण भी चुका देंगे।
1 करोड़ महिलाओं को मिलेगा अन्नपूर्णा योजना का भत्ता
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने घोषणा करते हुए कहा कि बुधवार (1 जुलाई) को राज्य की 1 करोड़ 20 लाख महिलाओं के बैंक अकाउंट में ₹3000 जमा होंगे। इस राज्य में अन्नपूर्णा योजना के तहत 1 करोड़ 51 लाख आवेदन आए थे। हमने जांच के बाद करीब 1 करोड़ 20 लाख से अधिक दीदी, बहनों को रजिस्टर्ड किया है। कल यानी 1 जुलाई को हम ₹3000 उनके बैंक अकाउंट में पहुंचा देंगे।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि फर्जी जातिगत सर्टिफिकेट देने के खिलाफ राज्य सरकार कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार प्रत्येक फर्जी जातिगत सर्टिफिकेट की जांच करेगी। दोषी साबित होने पर जिन्होंने सर्टिफिकेट जारी किया था और जिसे मिला था, दोनों को ही जेल भेजा जाएगा।
पिछली सरकार के खिलाफ उन्होंने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि पहले समझौते के आधार पर नौकरी दी जाती थी। इसके लिए अनुसूचित जाति और जनजाति संरक्षण नीति नहीं माना गया है।