नई दिल्ली: टी20 वर्ल्ड कप टीम में शुबमन गिल नहीं हैं, उन्हें बाहर रहना पड़ा। फिर भी रविवार को उनके सामने बड़ा टेस्ट है। राजकोट में न्यूज़ीलैंड सीरीज को 1-1 से बराबर करने के बाद वनडे कप्तान शुबमन के सामने सीरीज का आखिरी मैच है। यही मैच तय करेगा कि सीरीज किसके नाम होगी। इसके बाद न्यूज़ीलैंड टी20 वर्ल्ड कप की तैयारी के लिए भारत के खिलाफ पांच मैचों की सीरीज खेलेगा।
राजकोट में दूसरे मैच में स्लो विकेट पर भारत ने केवल 284/7 बनाए। यह भी संभव हुआ केएल राहुल के 92 गेंदों में 112 नॉट आउट की वजह से। कप्तान शुबमन सहित कई खिलाड़ी जल्दी आउट हो गए। इसके बाद न्यूज़ीलैंड की पारी में पावर प्ले में अच्छी गेंदबाजी हुई लेकिन मिडिल ओवर्स में भारतीय गेंदबाज कोई विकेट नहीं ले पाए। यंग और मिशेल ने मिलकर 162 रन जोड़े। यहीं से मैच न्यूज़ीलैंड की तरफ झुका।
शुबमन गिल के अनुसार, 'मिडिल ओवर्स में हमने एक भी विकेट नहीं लिया। उसके बाद आखिरी में पांच खिलाड़ी जब 30 गज के घेरे में थे, तो काम बहुत कठिन हो गया। अगर 15-20 गेंदें और होतीं भी तो हम हार ही जाते। वहीं हमारी बैटिंग में कोई लंबी साझेदारी नहीं हुई। मिडिल ओवर्स में उन्होंने बहुत अच्छी बल्लेबाजी की।’ इतना ही नहीं, शुबमन का मानना है कि भारत की फील्डिंग में भी सुधार की बहुत गुंजाइश है। उन्होंने कहा कि पहले मैच में भी हमने कई मौके गंवाए थे। फील्डिंग में सुधार नहीं किया तो हमें नुकसान होगा।
वडोदरा में 84 रन बनाने के बाद डैरिल मिशेल ने राजकोट में 131 नॉट आउट बनाकर मैच जीताया। उनके सामने भारतीय गेंदबाजी अक्सर दिक्कत में दिखी। कुलदीप यादव ने 10 ओवर में 82 रन दिए और सिर्फ एक विकेट लिया। टीम को सबसे बड़ी समस्या तब हुई जब वाशिंगटन सुंदर चोटिल हो गए और सीरीज से बाहर हो गए। उनके स्थान पर राजकोट में नीतीश कुमार रेड्डी को खिलाया गया। उन्होंने सिर्फ 20 रन बनाए और गेंदबाजी में दो ओवर से ज्यादा गेंद नहीं डाल सके। इस फॉर्मेट में भारत अगले मैच के बाद जुलाई में इंग्लैंड में खेलेगा। अगर रविवार को न्यूज़ीलैंड के खिलाफ सीरीज हारते हैं, तो इस फॉर्मेट में जडेजा की भूमिका भी सवालों के घेरे में आ सकती है।