शनिवार को CEO ऑफिस के सामने एक बार फिर से BLO के एक समूह ने विरोध-प्रदर्शन किया। BLO अधिकार रक्षा मंच के सदस्य राज्य के चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर के ऑफिस में पहुंचे। शनिवार की शाम को जब CEO मनोज अग्रवाल स्पेशल ऑब्जर्वर सुब्रत गुप्ता और 12 अन्य इलेक्टोरल ऑब्जर्वर के साथ बैठक कर रहे थे उसी समय आयोग के अधिकारियों से मिलने BLO पहुंचे।
सभी SIR का काम करते हुए मरने वाले BLO के परिजनों के लिए आर्थिक सहायता समेत अन्य कई मांगों के समर्थन में विरोध जताने लगे। हालांकि पुलिस ने उन्हें आयोग के ऑफिस में प्रवेश नहीं करने दिया। इस वजह से मौके पर काफी हंगामा मच गया और प्रदर्शनकारी CEO ऑफिस के सामने ही विरोध जताने लगे।
शुक्रवार को मुर्शिदाबाद के खाड़ग्राम के BLO जाकिर हुसैन की मौत की खबर मिली। BLO के परिवार का आरोप है कि SIR के काम के अत्यधिक बोझ की वजह से ही वह बीमार पड़ गए थे। अस्पताल ले जाते समय उनकी मौत हो गई। उनके बेटे इमादुल हुसैन का दावा है कि BLO ऐप ठीक से काम नहीं कर रहा था। इस वजह से जाकिर काफी परेशान थे। उसने आरोप लगाया कि ज्यादा काम के बोझ की वजह से वह बीमार भी पड़ गए थे। शनिवार को हुए विरोध-प्रदर्शन के दौरान CEO ऑफिस में उनके परिवार के लोग भी मौजूद थे।
मृतक जाकिर के भाई जोसेफ का आरोप लगाते हुए कहा कि मेरे भैया बिना किसी योजना SIR की प्रक्रिया और आयोग द्वारा काम को लेकर दिए जा रहे अत्यधिक काम के दबाव की वजह से बीमार पड़ गए। उन्होंने बताया कि जाकिर को दिल का दौरा पड़ा था जिसके बाद उनकी मौत हो गई। परिजनों ने उनकी मौत की सही जांच और आयोग को परिवार के साथ खड़ा होने की मांग की।
राज्य के CEO और स्पेशल ऑब्जर्वर सुब्रत गुप्ता व 12 चुनाव ऑब्जर्वर के साथ बैठक के बाद जैसे ही बाहर निकले मृतक के परिवार और BLO अधिकार रक्षा मंच के सदस्यों ने उन्हें घेर लिया और विरोध जताया। उन्होंने CEO की कार को घेरकर भी विरोध प्रदर्शन किया।