भदोही: उत्तर प्रदेश में कोर्ट के आदेश पर भदोही पुलिस ने एक बैंक मैनेजर समेत तीन लोगों के खिलाफ किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर फर्जी तरीके से लोन लेने के मामले में एफआईआर दर्ज की है। घटना तब सामने आई जब बहरेची गांव के निवासी सुनील कुमार मिश्रा को 28 नवंबर 2023 को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से नोटिस मिला जिसमें कहा गया था कि उन्होंने इंडियन बैंक (ज्ञानपुर शाखा) से 1.85 लाख रुपये का लोन लिया था जो बढ़कर 4.23 लाख रुपये हो चुका है। नोटिस में मिश्रा को लोक अदालत में आपसी समझौते का अवसर भी दिया गया।
नोटिस मिलने के बाद मिश्रा हैरान रह गए और उन्होंने बैंक को लिखित में बताया कि उन्होंने कोई लोन नहीं लिया है। इसके बावजूद बैंक की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। सुरियावा के थाना प्रभारी (एसएचओ) राजेश प्रताप सिंह ने बताया कि सभी प्रयास असफल होने के बाद मिश्रा ने 26 सितंबर 2025 को सिविल जज (सीनियर डिवीजन) हरिकिरण कौर की अदालत में अर्जी की।
मिश्रा के अनुसार, कोडर गांव के रमेश यादव की फोटो बैंक के दस्तावेजों में लगाकर उनके नाम से लोन स्वीकृत किया गया और दस्तावेजों पर फर्जी हस्ताक्षर किए गए। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि उनके गांव के शशि भूषण मिश्रा भी इस साजिश में शामिल थे और बैंक मैनेजर ने शिकायत देने के बाद रिकवरी सर्टिफिकेट (आरसी) भी जारी कर दिया।
पुलिस के अनुसार, सिविल जज ने धोखाधड़ी, जालसाजी और साजिश सहित अन्य गंभीर आरोपों में एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया। एसएचओ ने बताया कि आदेश के अनुपालन में तीनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच जारी है।