पटना के खान सर यानी फैज़ल खान को बड़ी राहत मिली है। मंगलवार (9 जून) को पटना कोर्ट ने लोकप्रिय शिक्षक और यूट्यूबर को गिरफ्तारी से अंतरिम संरक्षण प्रदान किया है। इसका मतलब है कि फिलहाल पटना में खान सर की कोचिंग के सामने हुई फायरिंग की घटना के मामले में उन्हें फिलहाल गिरफ्तार नहीं किया जा सकेगा।
पटना कोर्ट के न्यायाधीश ने कहा है कि अगला आदेश जारी होने तक पुलिस फैजल खान के खिलाफ कोई कठोर कार्रवाई नहीं कर सकती और न ही उन्हें गिरफ्तार कर सकती है। साथ ही अदालत ने पुलिस को मामले की केस डायरी अदालत में प्रस्तुत करने का निर्देश भी दिया है। इस फैसले के बाद खान सर को फिलहाल बड़ी कानूनी राहत मिल गई है। मामले की आगे की सुनवाई और जांच जारी रहेगी।
पुलिस पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार पटना के मुसल्लहपुर इलाके में मौजूद खान ग्लोबल स्टडीज (Khan Global Studies) कोचिंग सेंटर के सामने 2 जून की रात को हुई फायरिंग और हमले की घटना में फैजल खान उर्फ खान सर का नाम सामने आया है।
इस मामले में कदमकुआं थाना में खान सर के खिलाफ हत्या के प्रयास और अवैध हथियार रखने के आरोपों के तहत FIR दर्ज की गई है। दूसरी ओर खान सर के वकील ने आरोप लगाया है कि यह FIR उनके मुवक्किल की छवि को खराब करने के उद्देश्य से साजिश के तहत दर्ज करवायी गयी है। उनका दावा है कि इस मामले में खान सर को जानबूझकर फंसाने की कोशिश की जा रही है।
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फिलहाल मामले की जांच जारी है और अदालत ने अगला आदेश आने तक खान सर को गिरफ्तारी से अंतरिम रोक लगाकर उन्हें बड़ी राहत प्रदान की है।
क्या है पूरा मामला?
बता दें, इस मामले की शुरुआत 2 जून को हुई थी। प्रारंभिक तौर पर खान सर ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि रात कुछ बदमाशों ने उनके कोचिंग सेंटर के सामने 8 से 10 राउंड फायरिंग की। दर्ज शिकायत के मुताबिक हमलावरों ने कोचिंग सेंटर के सुरक्षा गार्ड की बेरहमी से पिटाई कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। इसके साथ ही कोचिंग सेंटर पर पत्थरबाजी भी की गयी।
खान सर ने उसी रात को अपने प्रतिद्वंद्वी कोचिंग संस्थान ज्ञानबिंदु कोचिंग के प्रबंधन पर हमले और फायरिंग करवाने का आरोप लगाते हुए FIR दर्ज कराई। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने ज्ञानबिंदु कोचिंग के निदेशक रोशन आनंद तथा उनके दो सहयोगियों अभिषेक और गौरव को गिरफ्तार कर लिया।
हालांकि 4 जून को सामने आए एक वीडियो फुटेज में कथित तौर पर खान सर के कोचिंग सेंटर के दो सुरक्षा गार्ड हथियार से गोली चलाते हुए दिखाई दिए। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने दोनों सुरक्षा गार्डों को भी गिरफ्तार कर लिया।
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फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि फायरिंग की घटना में किसकी क्या भूमिका थी।
गिरफ्तार दोनों सुरक्षा कर्मियों ने पूछताछ के दौरान पुलिस को बताया कि उन्होंने निर्देश मिलने के बाद अपनी .315 बोर की लाइसेंसी राइफल से दो-दो राउंड फायरिंग की थी। सुरक्षाकर्मियों का दावा है कि यह घटना खान सर की मौजूदगी में ही अंजाम दी गयी थी।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार हमले और फायरिंग की घटना के बाद खान सर ने दावा किया था कि वह कम फीस लेकर छात्रों को शिक्षा प्रदान करते हैं और इसी वजह से व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा के कारण उनके प्रतिद्वंद्वी कोचिंग संस्थान के लोगों ने हमला कराया है।
उन्होंने कहा था कि जरुरतमंदों को भी शिक्षा पाने का अधिकार है। हमारा मुख्य उद्देश्य सबसे गरीब बच्चों तक शिक्षा पहुंचाना और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों तक ज्ञान का प्रकाश पहुंचाना है। खान सर का दावा था कि इस हमले के पीछे कोचिंग व्यवसाय की प्रतिस्पर्धा एक बड़ा कारण है।
वहीं दूसरी ओर ज्ञानबिंदु कोचिंग के सदस्यों ने इन आरोपों को खारिज करते हुए खान सर के खिलाफ पलटवार किया और फैजल खान उर्फ खान सर पर ही साजिश रचने का आरोप लगाया। फिलहाल मामले की जांच जारी है और पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों तथा उपलब्ध सबूतों की जांच कर रही है।